लायाडीह में शिक्षक को विद्यालय में बनाए रखने की मांग तेज, विधायक प्रतिनिधि ने दिया आश्वासन
Patamda : पटमदा प्रखंड के उत्क्रमित प्राथमिक विद्यालय लायाडीह में स्थापना काल से ही पारा शिक्षक के रूप में सेवा देने वाले सुकुमार मांडी का वर्तमान में सहायक आचार्य पद में चयन होने पर अभिभावक चिंतित हैं। शुक्रवार को पूरे गांव के लोगों ने विद्यालय परिसर में बैठक की। समारोहपूर्वक शिक्षक को विदाई देने के बजाय कुछ अभिभावक और बच्चे उन्हें पकड़कर रोने लगे।
सूचना पाकर पहुंचे विधायक प्रतिनिधि चन्द्रशेखर टुडू ने ग्रामीणों को शांत कराया। अभिभावकों का कहना था कि सुकुमार मांडी एक कुशल, कर्तव्यनिष्ठ एवं विद्यालय के प्रति समर्पित रहने वाले शिक्षक हैं। उनके कार्यकाल में कई छात्रों को नवोदय, मॉडल व एकलव्य जैसे विद्यालय में प्रवेश मिल चुका है। अंत में जिला डीएसई के नाम एक ज्ञापन तैयार किया गया है जो शनिवार को सौंपा जाएगा। ग्रामीणों ने कहा कि सुकुमार मांडी की बदौलत बच्चों की पढ़ाई व उपस्थिति में वृद्धि, खेलकूद, विद्यालय की छवि एवं शैक्षणिक वातावरण में सकारात्मक बदलाव से छात्रों की संख्या बढ़कर 65 हो चुकी है। यदि शिक्षक का स्थानांतरण किया गया तो विद्यालय की प्रगति पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ेगा। ग्रामीणों की मांग का समर्थन करते हुए विधायक प्रतिनिधि चन्द्रशेखर टुडू ने कहा कि ऐसे मेहनती एवं बहुभाषी शिक्षक का विद्यालय में रहना जरूरी है जो संथाली, बांग्ला, कुड़माली और अंग्रेजी भाषा के जानकार हैं। उन्होंने आश्वासन दिया कि वे इस मामले में डीएसई से मिलकर आवश्यक कार्रवाई की मांग करेंगे।





