बोड़ाम के युवक को नीमडीह में डंपर ने कुचला, दर्दनाक मौत
धनंजय दास (फाइल फोटो)।
Patamda: बोड़ाम थाना क्षेत्र के बेलडीह गांव निवासी बाइक सवार एक युवक की तेज रफ्तार डंपर की चपेट में आने से गुरुवार को दर्दनाक मौत हो गई। घटना सुबह करीब 11 बजे नीमडीह थाना क्षेत्र के हाइतिरुल जामडीह के पास हुई। युवक धनंजय दास (35) अपने घर से सुबह करीब साढ़े 9 बजे बाइक से अपनी ससुराल दुलमी के लिए निकला था। जामडीह में घुमावदार सड़क पर एक अज्ञात डंपर की चपेट में आने से बीच सड़क पर ही गिर गया और डंपर का चक्का उसके शरीर पर चढ़ जाने से घटनास्थल पर ही उसकी दर्दनाक मौत हो गई। जबकि घटना में शामिल डंपर को लेकर उसका चालक बंगाल की ओर भागने में सफल रहा।
सूचना पाकर पहुंची नीमडीह पुलिस ने शव को उठाकर सरायकेला सदर अस्पताल भेज दिया जहां दोपहर तक पोस्टमार्टम कराया गया। मृतक धनंजय के बड़े भाई गुणधर दास ने बताया कि वह अपनी पत्नी व बेटे को लाने के लिए ससुराल जा रहा था। जबकि उसकी तीनों बेटियां घर पर ही थी। उसकी पत्नी काली पूजा के बाद भाई फोंटा के लिए बेटे के साथ गई थी। देर शाम गांव में धनंजय का शव पहुंचते ही चीख पुकार मच गई और चारों बच्चे, पत्नी समेत परिवार के सभी सदस्यों का रो – रो कर बुरा हाल था। देर शाम गांव में ही शव का अंतिम संस्कार कर दिया गया, जिसमें सैकड़ों की संख्या में लोग शामिल हुए। इस घटना को लेकर गांव में मातम छा गया। धनंजय दो भाइयों में छोटा था और अपने घर में ही एक गल्ला दुकान चलाकर परिवार का भरण-पोषण करता था। नीमडीह थाना प्रभारी संतन तिवारी ने बताया कि मामले की छानबीन की जा रही है और घटना की प्राथमिकी दर्ज करते हुए आवश्यक कार्रवाई की जा रही है ताकि पीड़ित परिवार को नियमानुसार मुआवजा मिल सके।
घटना की सूचना मिलने पर बोड़ाम के पारा लीगल वॉलेंटियर निताई चंद्र गोराई ने बेलडीह गांव पहुंचकर धनंजय दास के परिजनों से मुलाकात की और परिवार को डालसा की मदद से मुआवजा दिलाने का आश्वासन दिया। उन्होंने बताया कि पीड़ित परिवार को असंगठित क्षेत्र के श्रमिकों को मिलने वाली मुआवजा राशि एवं बच्चों को प्रायोजन योजना का लाभ भी दिलाया जाएगा।





