नक्सलवाद के खिलाफ लड़ाई के मजबूत स्तंभ रहे भाजपा नेता लक्ष्मण सिंह का निधन, शोक की लहर
Patamda : बोड़ाम प्रखंड के आमझोर गांव निवासी एवं पूर्व बीस सूत्री अध्यक्ष लक्ष्मण सिंह का सोमवार सुबह करीब 9 बजे हार्ट अटैक से निधन हो गया। वे करीब 63 वर्ष के थे। रविवार देर शाम घर पर ही पैरालिसिस होने के बाद परिजन उन्हें इलाज के लिए पश्चिम बंगाल के बाघमुंडी थाना क्षेत्र स्थित कालीमाटी ले गए थे, जहां इलाज के दौरान उनका निधन हो गया।
लक्ष्मण सिंह भाजपा के बोड़ाम मंडल अध्यक्ष, प्रखंड बीस सूत्री अध्यक्ष समेत कई महत्वपूर्ण सामाजिक एवं राजनीतिक संगठनों से जुड़े रहे। वर्ष 2010 में नक्सलियों के खिलाफ गठित दलमा आंचलिक सुरक्षा समिति के केंद्रीय अध्यक्ष के रूप में उन्होंने अहम भूमिका निभाई थी। उनके नेतृत्व में चले आंदोलन के कारण बोड़ाम, पटमदा, नीमडीह और चांडिल थाना क्षेत्र को नक्सल मुक्त बनाने में बड़ी सफलता मिली थी। वे राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस), बंग उत्सव समिति समेत एक दर्जन से अधिक सामाजिक संगठनों में सक्रिय थे। उनके आकस्मिक निधन की खबर से पूर्वी सिंहभूम और सरायकेला-खरसावां जिले में शोक की लहर दौड़ गई।
भाजपा के वरिष्ठ नेता वनमाली बनर्जी ने शोक व्यक्त करते हुए कहा कि उन्होंने एक सच्चा मित्र खो दिया। उन्होंने कहा कि आदिवासी परिवार में जन्मे लक्ष्मण दा बोड़ाम क्षेत्र के लिए मजबूत स्तंभ थे और अपने स्वाभिमानी व्यक्तित्व के लिए पहचाने जाते थे। महत्वपूर्ण पदों पर रहते हुए भी उन्होंने अपने ऊपर कभी कोई दाग नहीं लगने दिया।
पूर्व जिला पार्षद स्वपन कुमार महतो ने कहा कि लक्ष्मण बाबू की पहचान राजनीतिक से अधिक सामाजिक क्षेत्र में थी। बांग्ला भाषी होने के कारण वे भाषाई आंदोलन और धार्मिक संगठनों में भी सक्रिय रहते थे। उनका निधन क्षेत्र के लिए अपूरणीय क्षति है।
भाजपा के जमशेदपुर महानगर जिला उपाध्यक्ष प्रदीप कुमार महतो ने भी गहरा दुख जताते हुए कहा कि लक्ष्मण दा के निधन की खबर से वे स्तब्ध हैं और संगठन में उनकी कमी हमेशा महसूस की जाएगी। बोड़ाम मंडल अध्यक्ष सनातन दास ने शोक व्यक्त करते हुए कहा कि लक्ष्मण बाबू उनके अभिभावक समान थे और उनसे राजनीति में काफी कुछ सीखने का अवसर मिला। लेकिन उनके आकस्मिक निधन से पार्टी परिवार को बड़ा झटका महसूस हुआ है। लक्ष्मण बाबू पत्नी और दो बेटों को छोड़ गए हैं। देर शाम उनके पैतृक गांव आमझोर में उनकी पार्थिव शरीर का अंतिम संस्कार कर दिया जाएगा।
गागीबुरु निवासी समाजसेवी प्रबोध कुमार महतो ने कहा कि बड़े भाई स्वर्गीय लक्ष्मण सिंह जी के निधन का समाचार अत्यंत दुःखद और मर्माहत करने वाला है। उनका निधन समाज एवं क्षेत्र के लिए अपूरणीय क्षति है। वे जीवनभर जनसेवा, सामाजिक कार्यों और जरूरतमंदों की सहायता के लिए समर्पित रहे। उन्होंने कहा कि ईश्वर दिवंगत आत्मा को अपने श्रीचरणों में स्थान दें तथा शोक संतप्त परिवार और समर्थकों को इस गहन दुःख को सहन करने की शक्ति प्रदान करें।




