पेसा कानून लागू करने की मांग पर उपवास कार्यक्रम 24 दिसंबर को
Jamshedpur: झारखंड नवनिर्माण अभियान की ओर से 24 दिसंबर यानी बुधवार को पेसा अधिनियम की 29वीं वर्षगांठ के अवसर पर एक दिवसीय उपवास कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। अनुमंडल कार्यालय घाटशिला के समक्ष आयोजित कार्यक्रम को सफल बनाने के उद्देश्य से सोमवार को मुसाबनी प्रखंड अंतर्गत ग्राम सुंदरनगर में ग्राम प्रधान एवं ग्रामीणों के साथ एक बैठक संपन्न हुई। इसमें ग्राम प्रधान अर्जुन हेंब्रम सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे।
बैठक में झारखंड नवनिर्माण अभियान के अध्यक्ष मदन मोहन सोरेन ने कहा कि पेसा नियमावली लागू होने से ही जल, जंगल, जमीन और प्राकृतिक संसाधनों की लूट पर विराम लगेगा। उन्होंने आरोप लगाया कि एक साजिश के तहत गांवों को आत्मनिर्भर बनने से रोका जा रहा है। उन्होंने कहा कि पेसा अधिनियम सत्ता के विकेंद्रीकरण का एक आदर्श मॉडल है, लेकिन जब तक गांव के लोग अपनी आवाज बुलंद नहीं करेंगे, तब तक राज्य सरकार पेसा नियमावली नहीं बनाएगी। यह लड़ाई केवल कानून की नहीं, बल्कि गांव के अस्तित्व, आदिवासी संस्कृति, परंपरा, पहचान और ऐतिहासिक धरोहर के संरक्षण से जुड़ी हुई है। अंत में उन्होंने 24 दिसंबर को आयोजित एक दिवसीय उपवास कार्यक्रम में अधिक से अधिक संख्या में लोगों से शामिल होकर आंदोलन को सफल बनाने की अपील की। बैठक में मुकेश कर्मकार, मोहम्मद गुलाम, पप्पू सोरेन व अर्जुन हेंब्रम सहित कई ग्रामीण उपस्थित थे।





