बोड़ाम क्षेत्र में बकरी चोरी पर सख्ती, थाना प्रभारी की विशेष पहल से बढ़ेगी निगरानी
Patamda: बोड़ाम थाना क्षेत्र के विभिन्न गांवों में पिछले कुछ महीनों से लगातार हो रही बकरी व अन्य मवेशियों की चोरी की घटनाओं ने ग्रामीणों के बीच भय और असुरक्षा का माहौल बना दिया है। दर्जनों मामलों के सामने आने के बाद खासकर छोटे पशुपालकों की चिंता बढ़ गई है, जिनकी आजीविका का मुख्य आधार ही पशुधन है। हालांकि, पीड़ितों को अब भी उम्मीद है कि जल्द ही चोरी की घटनाओं का खुलासा होगा और इसमें शामिल गिरोह के सदस्य पुलिस की गिरफ्त में होंगे।
इसी बीच, पिछले माह बोड़ाम थाना में नए थाना प्रभारी के रूप में पदस्थापित अवर निरीक्षक नीरज कुमार ने इस समस्या को गंभीरता से लेते हुए विशेष पहल करने की बात कही है। वे लगातार स्थानीय सामाजिक कार्यकर्ताओं और चोरी से प्रभावित लोगों के संपर्क में हैं तथा उनसे मिल रहे अहम इनपुट के आधार पर कार्रवाई की रणनीति तैयार कर रहे हैं। थाना प्रभारी ने स्पष्ट कहा कि मवेशी चोरी जैसी घटनाओं पर प्रभावी नियंत्रण केवल पुलिस के प्रयास से संभव नहीं है, बल्कि इसके लिए स्थानीय ग्रामीणों और जनप्रतिनिधियों का सहयोग भी अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने सभी से सतर्क रहने, संदिग्ध गतिविधियों की सूचना तत्काल पुलिस को देने और सामुदायिक सहयोग बढ़ाने की अपील की। स्थिति पर नियंत्रण पाने के लिए पुलिस द्वारा क्षेत्र में नियमित गश्त (पेट्रोलिंग) शुरू की जा रही है। खास बात यह है कि हाल ही में झारखंड सरकार द्वारा थाना को उपलब्ध कराई गई दो आधुनिक बाइकों का उपयोग कर गश्ती अभियान को और अधिक तेज व प्रभावी बनाया जाएगा। इससे पुलिस की पहुंच दूर-दराज के गांवों तक बेहतर तरीके से सुनिश्चित हो सकेगी।
थाना प्रभारी ने भरोसा दिलाया कि पुलिस हर संभव प्रयास कर रही है ताकि क्षेत्र में कानून-व्यवस्था मजबूत हो, चोरी की घटनाओं पर लगाम लगे और ग्रामीणों में सुरक्षा का विश्वास बहाल हो सके।






























