पटमदा सीएचसी के गायनिक वार्ड में तीन दिनों से बिजली ठप, जच्चा-बच्चा परेशान
रविवार को पटमदा सीएचसी का खाली पड़ा गायनिक वार्ड
Patamda: पटमदा प्रखंड के माचा स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) में स्वास्थ्य सेवाओं की स्थिति चिंताजनक बनी हुई है। अस्पताल के गायनिक वार्ड में पिछले तीन दिनों से विद्युतापूर्ति बाधित रहने के कारण एसी बंद पड़े हैं, जिससे भीषण गर्मी और उमस के बीच गर्भवती महिलाओं, धात्री माताओं और नवजात शिशुओं को भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। रविवार को अस्पताल परिसर में मौजूद परिजनों ने नाराजगी जताते हुए बताया कि प्रबंधन की लापरवाही के कारण मरीजों की स्थिति दयनीय हो गई है। गर्मी से राहत के लिए वार्ड में कोई समुचित व्यवस्था नहीं की गई है, जिससे जच्चा-बच्चा दोनों ही बेहाल हैं। स्थिति इतनी गंभीर हो गई कि मजबूरी में नवजात शिशुओं के साथ माताओं को दूसरे वार्ड में शिफ्ट करना पड़ा। हालांकि जिस वार्ड में मरीजों को स्थानांतरित किया गया है, वहां भी हालात बेहतर नहीं हैं। वहां लगे तीन पंखों में से एक खराब है और वार्ड ऊपरी मंजिल पर होने के कारण अत्यधिक गर्मी महसूस हो रही है। ऐसे में मरीजों को राहत मिलने के बजाय और अधिक परेशानी झेलनी पड़ रही है। लावा गांव निवासी क्रांति सिंह ने बताया कि उनकी बेटी का आज ही जन्म हुआ है, लेकिन अस्पताल की अव्यवस्था के कारण उन्हें कई समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने बताया कि प्रसव कक्ष में तो एसी चल रहा है, लेकिन गायनिक वार्ड में बिजली कनेक्शन खराब होने के कारण एसी बंद है, जो बेहद चिंता का विषय है।
इस संबंध में प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी से संपर्क करने का प्रयास किया गया, लेकिन उनका फोन नॉट रीचेबल रहा, जिससे उनसे संपर्क नहीं हो सका। स्थानीय लोगों ने जिले के सिविल सर्जन से अविलंब हस्तक्षेप कर व्यवस्था दुरुस्त करने की मांग की है, ताकि भीषण गर्मी के इस दौर में जच्चा-बच्चा को राहत मिल सके। सूत्रों के अनुसार प्रतिदिन सीएचसी में औसत 5 प्रसव होता है और इसके लिए स्वास्थ्य विभाग की ओर से ममता वाहन, जननी सुरक्षा योजना के तहत राशि एवं किट आदि की सुविधाएं दी जाती हैं लेकिन अस्पताल में गर्मी से निजात पाने के लिए कोई ठोस प्रबंधन नहीं है।






























