बाल मंच ने उठाए 20 मुद्दे, पंचायत से समाधान की मांग
गौरडीह में बाल मंच और बाल संरक्षण समिति की बैठक
Patamda: बोड़ाम प्रखंड अंतर्गत गौरडीह पंचायत भवन में मंगलवार को बाल कल्याण संघ एवं मिरेकल फाउंडेशन इंडिया के संयुक्त तत्वावधान में बाल मंच और बाल कल्याण व संरक्षण समिति की संयुक्त बैठक आयोजित की गई। इसमें पंचायत के बच्चों ने शिक्षा, सुरक्षा, स्वच्छता, खेलकूद और बाल अधिकारों से जुड़े 20 मुद्दे उठाते हुए उनके समाधान के लिए पंचायत स्तर पर आवश्यक कार्रवाई की मांग की। बच्चों ने विद्यालयों में सभी विषयों के शिक्षकों की उपलब्धता सुनिश्चित करने, स्कूलों की छत की मरम्मत, रंगाई-पुताई, स्वच्छ पेयजल और शौचालय की व्यवस्था दुरुस्त करने की मांग की। साथ ही विद्यालय प्रबंधन समितियों की मासिक बैठक की रिपोर्ट पंचायत में प्रस्तुत करने और उस पर कार्रवाई करने का प्रस्ताव रखा। बाल मंच ने प्रत्येक गांव में पुस्तकालय या मोबाइल पुस्तकालय शुरू करने, खेल मैदान विकसित करने, मैदान में शेड बनाने और बाल मंच के लिए सामुदायिक भवन उपलब्ध कराने की मांग की। बच्चों ने ग्रामसभा में अपनी बात रखने का अवसर देने, बाल सरपंच का चुनाव कराने तथा पंचायत को बाल हितैषी पंचायत बनाने की दिशा में पहल करने पर भी जोर दिया।
बैठक में एकल और अनाथ बच्चों के जरूरी दस्तावेज बनवाने, पात्र बच्चों को स्पॉन्सरशिप योजना से जोड़ने और स्कूल छोड़ चुके बच्चों का दोबारा नामांकन कराने का मुद्दा उठाया गया। इसके अलावा बाल श्रम व बाल विवाह की पहचान कर कार्रवाई करने, आंगनबाड़ी केंद्रों में आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराने, खुली नालियों को ढकने और जरूरत के अनुसार स्ट्रीट लाइट लगाने की मांग की गई। बच्चों से जुड़े मुद्दों की पंचायत स्तर पर नियमित समीक्षा करने का भी प्रस्ताव रखा गया।
बाल संरक्षण समितियों के सदस्यों को प्रशिक्षण
कार्यक्रम के दौरान गौरडीह पंचायत की ग्राम स्तरीय बाल संरक्षण समितियों (वीएलसीपीसी) के अध्यक्षों और सचिवों के लिए अर्धवार्षिक प्रशिक्षण आयोजित किया गया। इसमें कठिन परिस्थितियों में रह रहे बच्चों की पहचान, बाल अधिकार, देखभाल एवं संरक्षण तथा पात्र बच्चों को विभिन्न सामाजिक सुरक्षा योजनाओं से जोड़ने की जानकारी दी गई। प्रशिक्षण के दौरान समूह चर्चा और सहभागितापूर्ण गतिविधियों के माध्यम से बाल संरक्षण से जुड़ी समस्याओं और उनके समाधान पर विचार-विमर्श किया गया। समिति के सदस्यों से गांवों में बच्चों की समस्याओं के प्रति सक्रिय रहने तथा संबंधित विभागों के साथ समन्वय कर जरूरतमंद बच्चों को सहायता उपलब्ध कराने की अपील की गई। बैठक में बाल मंच और बाल संरक्षण समितियों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित कर बच्चों की समस्याओं का समयबद्ध समाधान सुनिश्चित करने पर जोर दिया गया।












