भू-अर्जन कार्यालय कर्मी बोध मुण्डा की द्विभाषी गीत संग्रह पुस्तक का उपायुक्त ने किया विमोचन
बोध मुंडा
Jamshedpur: पूर्वी सिंहभूम समाहरणालय संवर्ग के प्रतिभावान कर्मी बोध मुण्डा द्वारा रचित मुण्डारी-हिन्दी द्विभाषी गीत संग्रह “ओमोन्–मुण्डारी साइति पुथी” का बुधवार को समाहरणालय परिसर में समारोह के दौरान विमोचन किया गया। जिले के उपायुक्त राजीव रंजन ने जिला भू-अर्जन पदाधिकारी एवं कार्यालय के अधिकारियों व कर्मचारियों की उपस्थिति में पुस्तक का लोकार्पण किया।
यह अवसर पूर्वी सिंहभूम समाहरणालय के लिए गौरव का क्षण रहा। समारोह के दौरान अपर उपायुक्त अनुराग तिवारी ने मुण्डारी भाषा के संरक्षण एवं प्रचार-प्रसार की सराहना करते हुए सुझाव दिया कि इस द्विभाषी गीत संग्रह की एक प्रति अधिसूचित क्षेत्र समिति, जमशेदपुर द्वारा संचालित डीएम लाइब्रेरी, साकची में भी उपलब्ध कराई जाए, ताकि अधिक से अधिक लोग इसका लाभ उठा सकें। उपायुक्त एवं अपर उपायुक्त ने बोध मुण्डा को उनकी साहित्यिक उपलब्धि पर बधाई देते हुए उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दीं। साथ ही इस उपलब्धि के लिए जिला भू-अर्जन पदाधिकारी को भी बधाई दी गई।
जिला भू-अर्जन पदाधिकारी ने कहा कि उनके कार्यालय में कार्यरत एक कर्मी द्वारा मुण्डारी भाषा और साहित्य के क्षेत्र में इस प्रकार का उल्लेखनीय योगदान देना पूरे कार्यालय के लिए गर्व की बात है। उन्होंने बोध मुण्डा को शुभकामनाएं देते हुए भविष्य में भी ऐसे रचनात्मक कार्य जारी रखने की अपेक्षा व्यक्त की। गौरतलब हो कि तमाड़ क्षेत्र के निवासी बोध मुंडा इससे पूर्व पटमदा अंचल में नाजिर के रूप में पदस्थापित थे और वहां रहते ही उन्होंने पुस्तक लिखने का काम शुरू किया था। उनकी भाषा साहित्य में काफी रुचि है, यही वजह है कि कार्यालय में भी उनकी एक अलग पहचान भी है।



